गाज़ीपुर, 13 अगस्त। कांवड़ यात्रा और आगामी त्योहारों को देखते हुए गुरुवार को गाज़ीपुर में उच्चस्तरीय पुलिस समीक्षा हुई। वाराणसी जोन के अपर पुलिस महानिदेशक नवीन अरोड़ा ने पुलिस कार्यालय और पुलिस लाइन में पुलिस अधीक्षक ईरज राजा सहित अधिकारियों के साथ बैठक की। सुरक्षा तैयारियों, अपराध नियंत्रण और जनशिकायत निस्तारण से जुड़े कई बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा की गई और जरूरी निर्देश दिए गए।
कांवड़ मार्ग पर पुख्ता तैयारी
बैठक में कांवड़ यात्रा-2026 को सुरक्षित और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने की तैयारियों पर विशेष चर्चा हुई। सुरक्षा व्यवस्था, रूट डायवर्जन और यातायात प्रबंधन की स्थिति की जानकारी ली गई। अधिकारियों को यात्रा मार्गों पर नियमित भ्रमण कर सुरक्षा इंतजामों की लगातार समीक्षा करने के निर्देश दिए गए। स्थानीय प्रशासन से समन्वय बनाकर सभी जरूरी व्यवस्थाएं समय से पूरी करने को कहा गया।
संवेदनशील स्थानों और गंगा घाटों पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात करने के निर्देश दिए गए। सीसीटीवी और ड्रोन कैमरों के जरिए निगरानी को प्रभावी बनाने पर भी जोर दिया गया। सोशल मीडिया पर अफवाहों पर नजर रखने और ऐसी किसी भी सूचना पर तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। श्रद्धालुओं को यात्रा के दौरान किसी तरह की असुविधा न हो, इसके लिए सुरक्षा और यातायात व्यवस्था की लगातार जांच करने को कहा गया।
अपराधियों पर कड़ी कार्रवाई
समीक्षा बैठक में अपराध नियंत्रण पर भी विस्तार से चर्चा हुई। हिस्ट्रीशीटरों और सक्रिय अपराधियों की निगरानी, सत्यापन अभियान और वांछित अभियुक्तों की गिरफ्तारी की स्थिति की जानकारी ली गई। गैंगस्टर और गुंडा अधिनियम के तहत अपराधियों पर प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। बड़े अपराधियों के आपराधिक नेटवर्क और उनसे जुड़े लिंक की पूरी जानकारी जुटाकर कार्रवाई करने पर जोर दिया गया।
कार्रवाई की संख्या बढ़ाने के बजाय उसकी गुणवत्ता पर ध्यान देने को कहा गया। लंबित विवेचनाओं का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। हर मामले में तकनीकी साक्ष्यों का अधिकतम इस्तेमाल करने तथा CCTNS पोर्टल पर लंबित प्रविष्टियां पूरी करने को कहा गया। ई-साक्ष्य और ई-समन प्रणाली के प्रभावी क्रियान्वयन की भी समीक्षा की गई। साइबर अपराध, ऑनलाइन वित्तीय धोखाधड़ी, अवैध शराब, मादक पदार्थों की तस्करी और गौ-तस्करी पर चल रहे अभियानों की भी जानकारी ली गई।
जनशिकायत निस्तारण प्राथमिकता
बैठक में जनता की शिकायतों के गुणवत्तापूर्ण और समयबद्ध निस्तारण को पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता बताया गया। थाना स्तर पर आने वाले हर फरियादी के साथ संवेदनशील व्यवहार करने और शिकायत का निष्पक्ष समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। कानून व्यवस्था से जुड़ी किसी भी स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया देने को कहा गया।
पुलिस कार्यालय की शाखाओं के निरीक्षण के दौरान वेलफेयर, एचएलएनएस, ह्यूमन रिसोर्स पोर्टल और यूपी कॉप से जुड़े कार्यों की जानकारी ली गई। एलआईयू और महिला सहायता प्रकोष्ठ में लंबित मामलों की भी समीक्षा की गई। पासपोर्ट और प्रमाणपत्रों के निस्तारण में लगने वाले समय को कम करने के निर्देश दिए गए। इंटरस्टेट, इंटरडिस्ट्रिक्ट और इंटरजोनल सीमाओं पर पुलिस व्यवस्था मजबूत करने और उपलब्ध बल का बेहतर इस्तेमाल करने को कहा गया। बैठक के बाद एडीजी ने पुलिस लाइन परिसर का भी भ्रमण किया।

