📌 अमित मणि त्रिपाठी
देवरिया। नवीन शैक्षिक सत्र 2026-27 के अंतर्गत स्कूल चलो अभियान के द्वितीय चरण का शुभारंभ बुधवार को विकास भवन देवरिया में हुआ। कार्यक्रम की अध्यक्षता मुख्य विकास अधिकारी राजेश कुमार सिंह ने की। सदर विधायक शलभ मणि त्रिपाठी मुख्य अतिथि रहे और उन्होंने बच्चों को तिलक लगाकर नामांकन अभियान का प्रतीकात्मक शुभारंभ किया। जनपद के समस्त प्राथमिक, कंपोजिट, पीएम श्री और कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों में भी प्रवेशोत्सव, रैली और प्रभात फेरी आयोजित की गई। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी डॉ. राम जियावन मौर्य ने सभी शिक्षकों को 15 जुलाई 2026 तक नामांकन लक्ष्य पूरा करने के निर्देश दिए।
यह भी पढ़ें: विद्यालयों के प्रधानाचार्य और शिक्षकों को नोटिस जारी
विशाल जागरूकता रैली
कार्यक्रम के तहत विकास भवन से एक विशाल जागरूकता रैली निकाली गई। सैकड़ों छात्र-छात्राएं, शिक्षक और अभिभावक स्लोगन, बैनर और पोस्टर के साथ रैली में शामिल हुए। विधायक शलभ मणि त्रिपाठी, CDO राजेश कुमार सिंह और BSA डॉ. राम जियावन मौर्य ने हरी झंडी दिखाकर रैली को रवाना किया। रैली विकास भवन से विभिन्न मार्गों से गुजरते हुए पुनः विकास भवन परिसर में समाप्त हुई।
इसी दौरान जनपद के विद्यालयों में नवप्रवेशी बच्चों का तिलक लगाकर स्वागत किया गया। विद्यालय परिसरों में स्वच्छता अभियान भी चलाया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य अधिक से अधिक बच्चों को विद्यालय से जोड़ना और ड्रॉपआउट रोकना है।
यह भी पढ़ें: DM हुल्गी ने की राशन-मंडी विभागों की समीक्षा
15 जुलाई तक नामांकन लक्ष्य
विधायक शलभ मणि त्रिपाठी ने स्कूल चलो अभियान के प्रथम चरण में उत्कृष्ट नामांकन कराने वाले 5 विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को सम्मानित किया। CDO राजेश कुमार सिंह ने कहा कि शिक्षक अधिक से अधिक बच्चों को विद्यालय से जोड़ने के लिए विशेष प्रयास करें।
BSA डॉ. राम जियावन मौर्य ने सभी शिक्षकों को स्पष्ट निर्देश दिए कि 15 जुलाई 2026 तक निर्धारित नामांकन लक्ष्य हर हाल में पूरा किया जाए। विधायक ने कहा कि नामांकन अभियान के माध्यम से समाज के प्रत्येक बच्चे को शासन की योजनाओं का लाभ मिले और उन्हें आगे बढ़ने का समान अवसर प्राप्त हो।
कार्यक्रम में खंड शिक्षा अधिकारी सत्य प्रकाश सिंह, पंकज सिंह, जयराम, उपेंद्र भारती, जिला समन्वयक ज्ञानेंद्र सिंह और आशुतोष सिंह समेत बड़ी संख्या में शिक्षक, अभिभावक और छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।



