बहराइच। जनपद के तिकुरी गांव में सरयू नदी के किनारे 16 जुलाई को एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई। 12 वर्षीय सुनील सिंह खेत में काम के बाद नदी के किनारे हाथ-पैर धो रहा था कि झाड़ियों में छिपे मगरमच्छ ने उसे दबोच लिया और नदी में खींच ले गया। चाचा विजयराज सिंह ने नदी में कूदकर 7 से 8 मिनट तक भतीजे को छुड़ाने की कोशिश की लेकिन नाकाम रहे। करीब 3 घंटे बाद सुनील का शव नदी में उतराता मिला।
मगरमच्छ ने किया घात
गुरुवार दोपहर स्कूल से लौटने के बाद सुनील अपने चाचा विजयराज के साथ सरयू नदी के किनारे स्थित खेत में धान की नर्सरी लगाने गया था। शाम को काम समाप्त होने पर सभी घर लौटने को हुए। हाथ-पैर में कीचड़ लगा होने के कारण सुनील नदी के तट पर धोने के लिए रुक गया।
इसी दौरान नदी के किनारे झाड़ियों में छिपे मगरमच्छ ने तेजी से हमला कर सुनील को दबोच लिया और नदी में खींच ले गया। ग्रामीण सुरेंद्र सिंह ने बताया कि मगरमच्छ कुछ देर बाद बच्चे को जबड़े में दबाकर पानी से बाहर आया और उसे कई बार पटकने के बाद फिर अंदर ले गया। ग्रामीणों ने बड़े-बड़े बांस के डंडों से नदी में तलाश शुरू की।
चाचा नहीं बचा सके
चाचा विजयराज सिंह ने शोर मचाते हुए नदी में छलांग लगा दी। उन्होंने बताया — “मगरमच्छ आया और भतीजे को दबोच लिया। वह चीखने लगा। मैंने 7 से 8 मिनट तक भतीजे को खींचा लेकिन छुड़ा नहीं सका। मगरमच्छ बच्चे को पानी के अंदर ले गया। 3-4 बार पानी में उछालकर पटका और मेरे सामने ही शरीर को नुकसान पहुंचाया। फिर हमने खोजबीन की लेकिन बच्चा नहीं मिला।”
करीब 3 घंटे बाद सुनील का शव नदी में उतराता मिला। तब तक पुलिस, वन विभाग और NDRF की टीम भी मौके पर पहुंच चुकी थी। शुक्रवार दोपहर विजयराज बच्चे का शव गोद में लेकर पोस्टमॉर्टम हाउस पहुंचे। पोस्टमॉर्टम के बाद शुक्रवार शाम गांव में अंतिम संस्कार किया गया।
तीन भाई-बहन
सुनील के पिता बुधराज सिंह का 5 वर्ष पहले और माता का 7 वर्ष पहले बीमारी से निधन हो चुका था। वह तीन छोटे भाई-बहनों के साथ चाचा विजयराज के पास रहता था। कक्षा छह का छात्र सुनील स्कूल से आने के बाद चाचा के साथ खेती-किसानी में हाथ बंटाता था।
अब परिवार में 14 वर्षीय बहन सुमन, 10 वर्षीय भाई संजय और 7 वर्षीय बहन सीमा बचे हैं। आर्थिक रूप से कमजोर इस परिवार में कमाने वाला कोई नहीं है। घटना के बाद गांव के लोग बच्चों की मदद के लिए आगे आने लगे हैं और चंदा भी एकत्र किया जा रहा है।
गांव में दहशत — वन विभाग सतर्क
घटना के बाद तिकुरी और आसपास के गांवों में भय का माहौल है। किसान नदी किनारे खेतों में जाने से डर रहे हैं। वन क्षेत्राधिकारी मोहम्मद शाकिब ने बताया कि सरयू किनारे बसे गांवों में मुनादी कराकर लोगों को नदी से दूर रहने की चेतावनी दी जा रही है।
मगरमच्छ को पकड़ने के लिए जाल लगाने, अतिरिक्त गश्त बढ़ाने और चेतावनी बोर्ड लगाने की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से फैल रहा है।


