गाज़ीपुर। भांवरकोल क्षेत्र के वीरपुर गांव में बुधवार सुबह एक दर्दनाक घटना हुई। 20 वर्षीय अजय यादव परिजनों के लिए खाना और मवेशियों के लिए जूठन लेकर साइकिल से खेत की तरफ जा रहे थे कि रास्ते में पहले से घात लगाकर बैठे 10 से 12 युवकों ने उन पर हमला बोल दिया। लाठी, डंडे और चाकू से किए गए इस हमले में अजय गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें पीएचसी वीरपुर से सीएचसी मुहम्मदाबाद और वहां से रेफर कर गाज़ीपुर मेडिकल कॉलेज लाया गया जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। अपर पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) ने घटनास्थल पर पहुंचकर थानाध्यक्ष को अभियुक्तों की तत्काल गिरफ्तारी का निर्देश दिया है।
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खेत पर जाते समय बना निशाना
बुधवार सुबह करीब 9 बजे अजय यादव घर से निकले थे। हाथ में परिजनों के लिए खाने का डिब्बा और मवेशियों के लिए जूठन थी — यह उनका रोजाना का काम था। जैसे ही वह नहर के पास रामजी शर्मा के डेरा के करीब पहुंचे, पहले से वहां मौजूद युवकों ने उन्हें घेर लिया। हमलावरों ने लाठी-डंडों से पीटा और चाकू से गोद दिया। अजय लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़े।
आसपास के लोगों को जानकारी मिलते ही वे मौके पर पहुंचे और घायल अजय को तत्काल पीएचसी वीरपुर ले गए। हालत गंभीर देखकर वहां से सीएचसी मुहम्मदाबाद रेफर किया गया और स्थिति नाजुक रहने पर गाज़ीपुर मेडिकल कॉलेज अस्पताल भेजा गया। लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी — चिकित्सकों ने अजय को मृत घोषित कर दिया।
मौत की खबर पहुंचते ही परिवार में कोहराम मच गया। माँ मीरा देवी, पिता श्रीकांत यादव और बहन बबली समेत पूरा परिवार टूट गया। छोटे भाई नीतीश यादव निजी नौकरी से परिवार का सहारा हैं — अजय घर पर रहकर पिता के पशुपालन और खेती के काम में हाथ बंटाते थे। गांव में भी शोक और तनाव का माहौल है।
पहले भी हो चुका था हमला
यह हमला अचानक नहीं हुआ — इसकी जड़ें करीब डेढ़ वर्ष पहले की एक मामूली कहासुनी में छिपी हैं। किसी शादी की बारात में नाच देखने के दौरान आगे बैठने को लेकर अजय और कुछ युवकों के बीच विवाद हुआ था जो हाथापाई तक पहुंच गया। उसके कुछ महीनों बाद अक्टूबर 2025 में भी खेत की तरफ जाते समय नहर पुलिया के पास मारपीट कर अजय को घायल कर दिया गया था। उस मामले में कुछ लोगों के खिलाफ मुकदमा भी दर्ज हुआ था।
पिछले हमले के बाद भी रंजिश खत्म नहीं हुई — नतीजा यह हुआ कि इस बार हमले की साजिश और बड़े पैमाने पर रची गई। 10 से 12 लोग एकसाथ अजय पर टूट पड़े और दिन दहाड़े उनकी जान ले ली।
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पुलिस जांच में जुटी
घटना की जानकारी मिलते ही अपर पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) अतुल कुमार सोनकर और क्षेत्राधिकारी मुहम्मदाबाद सुधाकर पांडेय घटनास्थल पहुंचे। दोनों ने मौके का निरीक्षण किया और परिजनों से घटना का विवरण लिया। किसी भी अप्रिय स्थिति से बचने के लिए पुलिस ने गांव में भारी बल तैनात कर दिया है।
एडिशनल एसपी (आरए) अतुल कुमार सोनकर ने कहा कि प्रथम दृष्ट्या यह पुरानी रंजिश का मामला लग रहा है। तहरीर मिलते ही मुकदमा दर्ज कर विधिक कार्रवाई शुरू की जाएगी। थानाध्यक्ष संतोष कुमार राय को अभियुक्तों की तत्काल गिरफ्तारी का निर्देश दिया गया है।
“इस मामले में जो भी दोषी होगा, चाहे वह कितना भी प्रभावशाली क्यों न हो, बख्शा नहीं जाएगा” — एडिशनल एसपी सोनकर ने यह बात साफ कही। गांव में तनाव का माहौल है और पुलिस संदिग्धों की तलाश में लगातार दबिश दे रही है।



