प्रयागराज। पिछड़ा वर्ग कल्याण एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग के राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) नरेंद्र कश्यप ने चंद्रशेखर आजाद सर्किट हाउस, प्रयागराज में प्रयागराज एवं चित्रकूट धाम मंडल के विभागीय अधिकारियों के साथ मंडलीय समीक्षा बैठक की। बैठक में छात्रवृत्ति, शादी अनुदान, O-लेवल एवं CCC कंप्यूटर प्रशिक्षण, छात्रावास, दिव्यांग पेंशन, कृत्रिम अंग, ट्राइसाइकिल, कॉक्लियर इम्प्लांट और बचपन डे-केयर सेंटर सहित विभिन्न योजनाओं की विस्तृत समीक्षा की गई।
राज्यमंत्री ने घोषणा की कि दिव्यांग भरण-पोषण पेंशन को ₹1,000 से बढ़ाकर ₹1,500 प्रतिमाह किया जाएगा। कक्षा 9 से 12 तक की पात्र छात्राओं को ई-ट्राइसाइकिल उपलब्ध कराने की तैयारी भी चल रही है। बैठक में काशी क्षेत्र पिछड़ा वर्ग मोर्चा के क्षेत्रीय अध्यक्ष अश्वनी कुमार सिंह पटेल, जिला पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी कोमिल द्विवेदी और दोनों मंडलों के जिला दिव्यांगजन अधिकारी उपस्थित रहे।
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दिव्यांग पेंशन ₹1,500 होगी
राज्यमंत्री नरेंद्र कश्यप ने बताया कि दिव्यांग भरण-पोषण पेंशन को ₹1,000 से बढ़ाकर ₹1,500 प्रतिमाह किया जाएगा। इससे प्रदेश के लाखों दिव्यांगजनों को सीधा आर्थिक लाभ मिलेगा।
उन्होंने बताया कि कक्षा 9 से 12 तक की पात्र दिव्यांग छात्राओं को ई-ट्राइसाइकिल उपलब्ध कराने की तैयारी चल रही है। इसके साथ ही दिव्यांग बालिकाओं को मोटराइज्ड ट्राइसाइकिल उपलब्ध कराने का निर्णय भी लिया जा चुका है।
राज्यमंत्री ने कहा कि दिव्यांगजनों को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से सरकार बचपन डे-केयर सेंटर से लेकर विश्वविद्यालय स्तर तक निःशुल्क शिक्षा उपलब्ध करा रही है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्रत्येक जिले में पात्र दिव्यांगजनों की पहचान कर उन्हें शीघ्र पेंशन और अन्य योजनाओं का लाभ दिलाया जाए।
छात्रवृत्ति, कंप्यूटर प्रशिक्षण की समीक्षा
बैठक में पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग की योजनाओं की विस्तृत समीक्षा की गई। छात्रवृत्ति, शादी अनुदान, O-लेवल एवं CCC कंप्यूटर प्रशिक्षण और छात्रावास योजनाओं की प्रगति का आकलन किया गया।
दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग की समीक्षा में दिव्यांग पेंशन, कृत्रिम अंग एवं सहायक उपकरण, ट्राइसाइकिल, मोटराइज्ड ट्राइसाइकिल, दिव्यांगजन विवाह अनुदान, कॉक्लियर इम्प्लांट, दुकान निर्माण योजना, बचपन डे-केयर सेंटर और समेकित विशेष विद्यालयों की प्रगति का आकलन किया गया।
राज्यमंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि वार्षिक लक्ष्यों को समयबद्ध ढंग से शत-प्रतिशत पूरा किया जाए और योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए।
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तीन नई योजनाओं का प्रस्ताव
राज्यमंत्री नरेंद्र कश्यप ने बताया कि पिछड़ा वर्ग के लिए मुख्यमंत्री डिजिटल प्रशिक्षण योजना, मुख्यमंत्री छात्रावास निर्माण योजना और मुख्यमंत्री तकनीकी दक्षता प्रशिक्षण योजना शुरू करने की दिशा में काम चल रहा है। इन तीनों योजनाओं का प्रस्ताव शासन को भेजा जा चुका है।
उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता DBT के माध्यम से पात्र लाभार्थियों के खातों में सीधे योजनाओं का लाभ पहुंचाना है ताकि पारदर्शिता बनी रहे। योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार करने के भी निर्देश दिए गए ताकि अधिक से अधिक पात्र परिवार लाभान्वित हो सकें।

