गाज़ीपुर। राष्ट्रीय राजमार्ग 31 पर मुहम्मदाबाद के जसदेवपुर मोड़ के पास बुधवार सुबह दो ट्रेलरों के बीच टक्कर हो गई। बिहार से बालू लेकर गोरखपुर जा रहे दोनों ट्रेलर आपस में भिड़ गए और बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए। इस दुर्घटना के बाद NH-31 पर वाहनों की लंबी कतार लग गई जो जनपद की सीमाओं को भी पार कर गई। पुलिसकर्मियों और UPIDA के कर्मचारियों ने मौके पर पहुंचकर यातायात को एकतरफा करने का प्रयास किया। बुधवार दोपहर तक 8 घंटे से अधिक समय तक केवल एक लेन से वाहनों का आवागमन जारी रहा।
यह भी पढ़ें: CM योगी ने चित्रकूट में 124 परियोजनाएं लोकार्पित कीं
जसदेवपुर मोड़ पर बड़ा हादसा
बुधवार की सुबह NH-31 पर जसदेवपुर मोड़ के पास उस समय अफरातफरी मच गई जब बिहार की ओर से बालू लेकर गोरखपुर जा रहे दो ट्रेलर एक-दूसरे से टकरा गए। टक्कर इतनी जोरदार थी कि दोनों वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए और सड़क पर तिरछे पड़ गए।
दुर्घटना के बाद कुछ ही मिनटों में NH-31 पर दोनों दिशाओं से वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। जाम इतना लंबा हो गया कि वाहनों की कतारें जनपद की सीमा को भी पार कर गईं। राजमार्ग पर फंसे विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी, शिक्षक, महिलाएं, स्कूली वाहन और आवश्यक सेवाओं से जुड़े लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
सूचना मिलने पर पुलिसकर्मी और UPIDA के कर्मचारी मौके पर पहुंचे और यातायात को एक लेन से निकालने की व्यवस्था की। बुधवार दोपहर तक केवल एक लेन से धीरे-धीरे वाहन निकलते रहे।
क्रेन से भी नहीं हटे वाहन
दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को हटाने के लिए राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के कर्मचारी भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने क्रेन की मदद से क्षतिग्रस्त ट्रेलरों को हटाने का प्रयास किया लेकिन सफलता नहीं मिली।
NHAI के कर्मचारियों ने बताया कि इतने भारी और क्षतिग्रस्त वाहनों को बिना हाइड्रा क्रेन के हटाना संभव नहीं है। हाइड्रा क्रेन मंगाई गई है और उसके पहुंचने के बाद ही दोनों ट्रेलरों को सड़क से हटाया जा सकेगा। तब तक NH-31 पर पूर्ण रूप से यातायात बहाल होना मुश्किल था।
इस दुर्घटना के कारण राजमार्ग पर लगे जाम से आम यात्री, व्यापारी और वाहन चालक घंटों परेशान रहे।
यह भी पढ़ें: CM योगी ने वाराणसी में शिक्षकों को कैशलेस योजना दी
NH-31 पर जाम की पुरानी समस्या
स्थानीय निवासियों ने बताया कि NH-31 पर आए दिन विभिन्न कारणों से जाम की स्थिति बनती रहती है जिससे आवागमन बाधित होता है। यह समस्या नई नहीं है। इससे पहले भी इसी राजमार्ग पर 72 घंटे तक जाम लगने की घटना हो चुकी है जिसमें एंबुलेंस तक फंसी थी। भारी वाहनों की आवाजाही और संकरे मार्ग के कारण यहां दुर्घटनाएं और जाम की स्थिति बनती रहती है। स्थानीय निवासियों ने इस समस्या से स्थायी राहत दिलाने की मांग की है।



