नई दिल्ली। करोड़ों परिवारों का महीनों से चला आ रहा इंतजार आज खत्म हो गया। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ने 13 मई 2026 को CBSE कक्षा 12वीं का परिणाम घोषित कर दिया। इस साल कुल 18.59 लाख से अधिक परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी थी और इनमें से 85.20 प्रतिशत छात्र-छात्राएं सफल रहे। हालांकि पिछले साल यह आंकड़ा 88.39 प्रतिशत था — यानी इस बार उत्तीर्ण प्रतिशत में थोड़ी गिरावट दर्ज की गई है।
लड़कियों ने एक बार फिर लहराया परचम
नतीजों में एक बात फिर सामने आई जो हर साल दोहराई जाती है — लड़कियां लड़कों से आगे रहीं। इस बार छात्राओं का उत्तीर्ण प्रतिशत 88.86 रहा जबकि छात्रों का 82.13 प्रतिशत। दोनों के बीच करीब 6.73 प्रतिशत का अंतर रहा। यह आंकड़ा साफ बताता है कि मेहनत और लगन में लड़कियां किसी से पीछे नहीं।
तिरुवनंतपुरम सबसे आगे, प्रयागराज पिछड़ा
क्षेत्रवार प्रदर्शन में तिरुवनंतपुरम ने 95.62 प्रतिशत उत्तीर्ण दर के साथ देश में पहला स्थान हासिल किया। वहीं प्रयागराज क्षेत्र 72.43 प्रतिशत के साथ सबसे पीछे रहा। उत्तर प्रदेश के छात्रों के लिए यह एक चिंता का विषय है — खासतौर पर तब जब पूरे देश का औसत 85 प्रतिशत से ऊपर है।
मेरिट लिस्ट नहीं — 100% वाले खुद टॉपर
CBSE ने 2020 के बाद से मेरिट लिस्ट जारी करना बंद कर दिया है। इसलिए कोई आधिकारिक टॉपर घोषित नहीं किया जाता। जिन भी छात्र-छात्राओं ने अपने विषय में 100 में से 100 अंक हासिल किए हैं वे अपने स्तर पर टॉपर कहलाने के हकदार हैं।
कैसे देखें अपना रिजल्ट
रिजल्ट देखने के लिए छात्र इस वेबसाइट् पर जा सकते हैं — results.cbse.nic.in। लॉगिन के लिए रोल नंबर और जन्मतिथि की जरूरत होगी। इसके अलावा DigiLocker पर भी मार्कशीट उपलब्ध है। DigiLocker के लिए स्कूल द्वारा दिया गया 6 अंकों का सिक्योरिटी पिन और मोबाइल नंबर चाहिए। UMANG ऐप से भी रिजल्ट देखा जा सकता है।
कम अंक आए तो घबराएं नहीं
जो छात्र किसी एक विषय में उत्तीर्ण नहीं हो पाए उनके लिए कम्पार्टमेंट परीक्षा का विकल्प है जो जून-जुलाई 2026 में आयोजित होगी। किसी भी विषय में पास होने के लिए थ्योरी और प्रैक्टिकल मिलाकर कम से कम 33 प्रतिशत अंक जरूरी हैं। पुनर्मूल्यांकन के लिए आवेदन की तारीखें CBSE जल्द जारी करेगा।
इस परिणाम के साथ अब लाखों छात्रों का कॉलेज प्रवेश का सफर शुरू होगा — और उनसे जुड़े परिवारों के चेहरों पर अब राहत की मुस्कान आ सकेगी।।
