देवरिया। जनपद में टीबी उन्मूलन की दिशा में एक और अहम कदम उठाया गया है। शुक्रवार को महर्षि देवराहा बाबा स्वशासी मेडिकल कॉलेज में चार-चार मॉड्यूल की दो टीबी ट्रूनट मशीनें और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पथरदेवा में एक ट्रूनट मशीन का शुभारंभ किया गया। मेडिकल कॉलेज में CMO डॉ. अनिल गुप्ता और प्राचार्या रजनी पटेल ने फीता काटकर इन मशीनों का उद्घाटन किया। इन तीन नई मशीनों के आने से अब जिले में कुल 24 ट्रूनट मशीनें हो गई हैं — जो टीबी रोगियों की जांच को और अधिक तेज और सटीक बनाएंगी।
क्या है ट्रूनट मशीन और क्यों है जरूरी
ट्रूनट मशीन टीबी की जांच के लिए उपयोग की जाने वाली अत्याधुनिक तकनीक है। इसकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि यह मशीन बेहद कम समय में टीबी के जीवाणु की मौजूदगी की पुष्टि कर देती है। पारंपरिक जांच प्रक्रिया में जहां दिनों का समय लगता था — वहीं ट्रूनट मशीन से घंटों में रिपोर्ट मिल जाती है। इससे मरीज का उपचार समय पर शुरू हो पाता है और बीमारी को फैलने से रोका जा सकता है।
CMO का बयान
शुभारंभ कार्यक्रम में CMO डॉ. अनिल कुमार गुप्ता ने कहा कि यह मशीन टीबी के संभावित मरीजों की जांच में सीधे काम आएगी। इससे जिले में टीबी की पहचान जल्दी होगी और उपचार भी समय पर शुरू किया जा सकेगा।
18 स्वास्थ्य संस्थानों में मशीनें
जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. राजेश कुमार ने बताया कि ट्रूनट मशीनें जिले के 18 स्वास्थ्य संस्थानों में लगाई गई हैं। इनमें मेडिकल कॉलेज के अलावा — सीएचसी गौरीबाजार, सीएचसी रुद्रपुर, पीएचसी महेन, सीएचसी बरहज, पीएचसी भलुअनी, सीएचसी परसिया चंदौर, सीएचसी लार, पीएचसी भाटपाररानी, पीएचसी बनकटा, सीएचसी भटनी, सीएचसी सलेमपुर, पीएचसी मझगंवा, पीएचसी रामपुरकारखाना, सीएचसी पथरदेवा, सीएचसी तरकुलवा, सीएचसी पिपरादौलाकदम और पीएचसी बैतालपुर शामिल हैं।
टीबी क्या है — जानें लक्षण और बचाव
डॉ. राजेश कुमार ने बताया कि टीबी यानी ट्यूबरक्लोसिस एक संक्रामक बीमारी है जो माइकोबैक्टीरियम ट्यूबरक्लोसिस नामक जीवाणु से होती है। यह हवा के माध्यम से फैलता है और आमतौर पर फेफड़ों को संक्रमित करता है — हालांकि शरीर के अन्य अंग भी प्रभावित हो सकते हैं। टीबी के प्रमुख लक्षणों में दो हफ्ते से अधिक खांसी, बलगम, बुखार, थकान, वजन कम होना और रात में पसीना आना शामिल हैं। पहले इसका निदान छाती के एक्स-रे और बलगम की जांच से होता था — लेकिन अब ट्रूनट मशीन से यह काम और भी तेजी से और सटीकता से होगा।
कार्यक्रम में उपस्थित रहे
शुभारंभ कार्यक्रम में CMS डॉ. एचके मिश्रा, DPC देवेंद्र प्रताप सिंह समेत अन्य स्वास्थ्य अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
