देवरिया। जिलाधिकारी मधुसूदन हुल्गी ने शुक्रवार को मेडिकल कॉलेज का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने स्वास्थ्य सेवाओं की हकीकत खुद परखी और लापरवाही पर सख्त चेतावनी दी।
इमरजेंसी से लेकर ओपीडी तक — हर कोने की जांच
जिलाधिकारी ने इमरजेंसी वार्ड, एमसीएच विंग, चिल्ड्रेन वार्ड और ओपीडी का गहन निरीक्षण किया। दवा वितरण, साफ-सफाई और उपचार व्यवस्था — तीनों को बारीकी से परखा। मरीजों और उनके तीमारदारों से सीधे बातचीत कर जमीनी हालात की जानकारी ली।
मरीजों को रेफर करने पर होगी कड़ी कार्रवाई
निरीक्षण के दौरान सबसे कड़ा निर्देश अनावश्यक रेफर को लेकर दिया गया। जिलाधिकारी ने स्पष्ट कहा कि बिना गंभीर कारण किसी मरीज को रेफर किया गया तो संबंधित चिकित्सक के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। मरीजों को मेडिकल कॉलेज में ही बेहतर उपचार देना अनिवार्य होगा।
MCH विंग में माँ और बच्चे की सेहत पर विशेष जोर
एमसीएच विंग में जिलाधिकारी ने स्टाफ नर्स से मदर एंड चाइल्ड प्रोटेक्शन कार्ड की जानकारी ली। निर्देश दिया कि गर्भवती महिलाओं के कार्ड पर दर्ज विवरणों का नियमित परीक्षण हो ताकि किसी भी जटिल परिस्थिति से पहले ही बचाव संभव हो सके।
समय पर उपस्थिति अनिवार्य — कोई ढील नहीं
जिलाधिकारी ने सभी चिकित्सकों और कर्मचारियों को निर्देशित किया कि निर्धारित समय पर उपस्थिति सुनिश्चित की जाए। आवश्यक दवाओं की उपलब्धता बनाए रखना और वार्डों में साफ-सफाई — इन दोनों पर विशेष ध्यान देने को कहा गया। निरीक्षण के दौरान डॉ. आर.के. श्रीवास्तव सहित अन्य चिकित्साकर्मी मौजूद रहे।
