बांदा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार को बांदा और बबेरू विधानसभा क्षेत्रों में ₹710 करोड़ से अधिक लागत की 229 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इस अवसर पर वीरांगना रानी अवंतीबाई लोधी की प्रतिमा का अनावरण भी किया गया। राजकीय पॉलिटेक्निक का लोकार्पण हुआ। विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों को नियुक्ति पत्र, स्वीकृति पत्र, चेक, आयुष्मान कार्ड, मुख्यमंत्री कैशलेस चिकित्सा कार्ड, आवास की चाबी और टूलकिट वितरित किए गए। सीएम ने कहा कि बुंदेलखंड में ODOP के माध्यम से शजर पत्थर को वैश्विक पहचान मिली है और देश-विदेश में इसकी मांग बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि यूपी डिफेंस इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के माध्यम से बुंदेलखंड भारत के शौर्य और पराक्रम का नया केंद्र बनेगा।
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₹710 करोड़ की परियोजनाएं लोकार्पित
मुख्यमंत्री ने बांदा और बबेरू विधानसभा क्षेत्रों के लिए ₹710 करोड़ से अधिक लागत की 229 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इन परियोजनाओं में सड़क, बिजली, स्वास्थ्य, शिक्षा और बुनियादी सुविधाओं से जुड़े कार्य शामिल हैं।
उन्होंने कहा कि बांदा में City Development Plan किस तरह धरातल पर उतरता है इसका उदाहरण यहां की सुव्यवस्थित सड़कें और चल रहे विकास कार्य हैं। बेहतर कनेक्टिविटी सुनिश्चित करने के लिए अनेक परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया गया है।
शुद्ध पेयजल और हर खेत को पानी की आपूर्ति की कार्यवाही तेज गति से आगे बढ़ रही है। राजकीय पॉलिटेक्निक का लोकार्पण भी इस अवसर पर किया गया जिससे युवाओं को तकनीकी शिक्षा के नए अवसर मिलेंगे।
वीरांगना अवंतीबाई की प्रतिमा का अनावरण
मुख्यमंत्री योगी ने इस अवसर पर वीरांगना रानी अवंतीबाई लोधी की प्रतिमा का अनावरण किया। उन्होंने कहा — “वीरांगना अवंतीबाई लोधी ने भारत की आन-बान और शान को आगे बढ़ाने के लिए स्वयं का बलिदान दिया। मैं उनकी स्मृतियों को कोटि-कोटि नमन करते हुए विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं।”
आगे उन्होंने कहा कि अपने वीरों और वीरांगनाओं को कैसे सम्मान दिया जाता है यह बांदा आज सबको बता रहा है। कालिंजर के अजेय दुर्ग का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि यह दुर्ग हमें विजय पथ पर बढ़ने की प्रेरणा प्रदान करता है।
बुंदेलखंड की वीरभूमि से जुड़ी ऐतिहासिक विरासत का जिक्र करते हुए सीएम योगी ने कहा कि यहां रानी दुर्गावती के नाम पर मेडिकल कॉलेज है। इसके साथ कृषि विश्वविद्यालय और इंजीनियरिंग कॉलेज भी बुंदेलखंड में हैं।
ODOP से वैश्विक पहचान
उन्होंने कहा कि ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट’ (ODOP) के माध्यम से हर जनपद के अनूठे उत्पाद को आगे बढ़ाया गया है। बांदा के शजर पत्थर को इसी योजना से वैश्विक पहचान मिली है। आज बड़ी-बड़ी कंपनियां बांदा के शजर पत्थर की मांग कर रही हैं। शजर पत्थर अब कीमती रत्नों में अपनी अलग पहचान बना रहा है। देश-विदेश में इसकी मांग लगातार बढ़ रही है।
आगे उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ODOP विजन के तहत स्थानीय उत्पादों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय बाजार से जोड़ने का काम हो रहा है। इसी का नतीजा है कि बांदा का शजर पत्थर आज कीमती रत्नों की श्रेणी में गिना जाने लगा है।
शिक्षा और कनेक्टिविटी
बुंदेलखंड में अब एक्सप्रेसवे है जिससे कनेक्टिविटी में बड़ा सुधार आया है। रानी दुर्गावती मेडिकल कॉलेज, कृषि विश्वविद्यालय, इंजीनियरिंग कॉलेज और राजकीय पॉलिटेक्निक जैसे संस्थान यहां के युवाओं को उच्च शिक्षा के अवसर दे रहे हैं।
उन्होंने कहा कि सरकार यूपी डिफेंस इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के माध्यम से बुंदेलखंड को एक प्रमुख औद्योगिक हब के रूप में विकसित कर रही है। इससे न केवल रोजगार के नए अवसर बनेंगे बल्कि भारत के रक्षा उत्पादन में भी बुंदेलखंड की भागीदारी होगी।
सीएम योगी ने कहा — “भारत के शौर्य और पराक्रम का नया केंद्र बुंदेलखंड बन रहा है।”
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मिले कार्ड-चाबी-टूलकिट
इस कार्यक्रम में विभिन्न सरकारी योजनाओं के लाभार्थियों को सौगातें दी गईं। मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना के अंतर्गत लाभार्थियों को कैशलेस हेल्थ कार्ड वितरित किए गए।
नियुक्ति पत्र, स्वीकृति पत्र, प्रतीकात्मक चेक, आयुष्मान कार्ड, आवास की चाबी और टूलकिट इन सभी का वितरण विभिन्न योजनाओं के पात्र लाभार्थियों के बीच किया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि समाज के अंतिम छोर तक सरकार की योजनाओं का लाभ पहुंचाना ही बुंदेलखंड के विकास का असली उद्देश्य है।

